Ayurved Se Karen Namardi Ki Samasya Ko Door आयुर्वेद से करें नामर्दी की समस्या को दूर

Ayurved Se Karen Namardi Ki Samasya Ko Door आयुर्वेद से करें नामर्दी की समस्या को दूर

क्या है मर्दाना कमजोरी व नामर्दी?

मर्दाना कमजोरी, नामर्दी व नपुंसकता तीनों एक ही ही प्रकार की समस्या है और ये एक ही कमजोरी को दर्शाते हैं और वो है लिंग में सही मात्रा में कसाव व कठोरपन का न आ पाना और इसी वजह से स्त्री के यौनांग में प्रवेश न कर पाने की स्थिति को नपुंसकता व मर्दाना कमजोरी कहते हैं।

साधारण शब्दों में कहा जाये, तो महिला या स्त्री के पास होने पर भी लिंग में सख्तपन न आना नामर्दी की निशानी है और नामर्दी की समस्या कई कारणों से हो सकती है।

नपुंसकता के कारण?

नपुंसकता को अंग्रेजी में इम्पोटैंसी(Impotency) कहते हैं। मॉडर्न मेडिकल साइंस में इसके लिए अलग से मेडिकल टर्म भी हैं- इरेक्टाइल डिसफंक्शन इम्पोटेंसी या इरेक्टाइल डिसफंक्शन की कई वजहें हो सकती हैं। उनमें दो खास हैं- मानसिक और शारीरिक।

Ayurved Se Karen Namardi Ki Samasya Ko Door

मानसिक या शारीरिक वजह से भी कई बार लिंग में सख्तपन नहीं आ पाता। व्यक्ति जब अत्यधिक मानसिक तनाव में हो, तो इस अवस्था में भी कई बार संभोग की इच्छा होते हुए भी लिंग में कठोरता नहीं आ पाती। शारीरिक कमजोरी के कारण आने वाली थकान भी कई बार लिंग में संभोग के अनुसार जोश नहीं आने देती।

शारीरिक कारणों को भी दो वर्गों में विभाजित किया जा सकता है :

प्राइमरी(Temporary) और सेकेंडरी(secondary)।

सेकेंडरी कारण : ये वो कारण होते हैं, जिनका संबंध सीधा हमारी सेक्स लाइफ से नहीं होता, मगर फिर भी ये हमारी सेक्स की क्षमता को काफी हद तक प्रभावित करते हैं। जैसे- डायबिटीज।

डायबिटीज यानि शुगर रोग जोकि आजकल काफी आम समस्या हो गयी है। डायबिटीज भी एक कारण हो सकती है नामर्दी का और इसी प्रकार मोटापा(Obesity) भी नपुंसकता का कारण बन जाता है। temporary या permanent नपुंसकता की समस्या भी कुछ दवाईयांे का सेवन करने से हो जाती है।

प्राइमरी कारण : नामर्दी से जुडे़ प्राइमरी कारण वे होते हैं, जिनकी असली समस्या सेक्स संबंधी या सेक्स अंगों में ही होती है।

ये हैं नपुंसकता के प्राइमरी कारण :

नामर्दी, प्राइमरी रूप से तीन कारणों से होती हैं-

1.अधिक सेक्स, 2. अधिक आयु, 3. अन्य कारण जैसे- रक्त परिसंचरण तंत्र का भली-भांति रूप से काम न करना।
आधुनिक चिकित्सा विज्ञान के अनुसार लिंग में उत्थान लाने में नाइट्रिक ऑक्साइड नामक केमिकल की खास भूमिका होती है। पुरूष जब दिमागी तौर पर उत्तेजित होता है, तो नाइट्रिक ऑक्साइड लिंग के अंदर की खून की नालियों को फैला देता है जिसके कारण खून नालियों के अंदर से निकल कर लिंग के स्पंज जैसे स्ट्रक्चर में एकत्रित हो जाता है, जिससे लिंग लम्बाई और मोटाई में बढ़ जाता है और परिणामस्वरूप उत्थित हो जाता है।

जब ‘काम-आवेग’ समाप्त हो जाता है, तो खून लिंग के अंदर से वापस खून की नालियों में चला जाता है, जिससे लिंग का उत्थान समाप्त हो जाता है।

ज्यादा उम्र के कारध, अत्याधिक मैथुन करने से या अन्य कारणों से जब नाइट्रिक ऑक्साइड और खून निकलने-भरने का ये सिस्टम डांवाडोल हो जाता है, तो लिंग पूरी तरह से या आंशिक रूप से उत्थित नहीं हो पाता, इसे ही नपुंसकता यानी नामर्दी कहते हैं।

देसी उपाय से नामर्दी का उपचार :

Ayurved Se Karen Namardi Ki Samasya Ko Door

मानसिक तनाव की वजह से होने वाली Impotency ज्यादातर स्थायी तौर पर नहीं रहती और तनाव दूर हो जाने पर Impotency भी दूर हो जाती है। इसी तरह सेकेंडरी Impotency भी मूल कारण जैसे डायबिटीज, मोटापा आदि के कंट्रोल कर लेने पर समाप्त हो जाती है।
Impotency का आधुनिक एलोपैथिक विज्ञान में कोई स्थायी इलाज नहीं है, दूसरे इसके बहुत सारे साइड इफेक्ट्स हैं, जिनमे हार्ट अटैक भी शामिल है।

Impotency को आयुर्वेद में क्लैव्य और नपुंसकता कहा गया है और इसके अनेक प्रकार भी बताये गए हैं। जिनमें से कुछ को साध्य और कुछ को असाध्य माना गया है।

नामर्दी का सटीक, साइड इफेक्ट्स रहित, शुद्ध शास्त्र-सम्मत आयुर्वेदिक उपचार इस प्रकार है…
सुबह शाम ये तीन चीजें लें :
1. मन्मथाम्र रस- 250 ग्राम
2. शिलाजत्वादि वटी- 250 ग्राम
3. नारसिंह चूर्ण- 250 ग्राम

दोनों टाइम खाने के बाद नीचे दिऐ गये इन दोनों के 5-5 चम्मच एक गिलास पानी में मिलकर लें :
1. अश्वगंधारिष्ट
2. सारस्वतारिष्ट

इन बातों का भी रखें ध्यान :
अत्याधिक मैथुन से रहें दूर
– हर वक्त संभोग के विषय में ही न सोचते रहें
– संभोग के समय अलग-अलग आसनों का प्रयोग करें
– मोटापे को रखें नियंत्रण में
– पौष्टिक लेकिन सात्विक भोजन करें
– गलत दवाइयों का सेवन न करें

मर्दाना जोश कैसे पायें?

यह एक ऐसा प्रश्न है, जो हर पुरूष के जहन में रहता है? यह शायद वह बेसिक इंस्टिंक्ट है जो हर पुरूष की दिली चाहत होती है कि वो अपनी मर्दाना शक्ति को अधिक से अधिक बढ़ा सके।

यह आर्टिकल आप  namardi.in पर पढ़ रहे हैं..

आइए सर्वप्रथम यह जान लेते हैं कि आखिर यह मर्दाना ताकत है क्या? और आधुनिक चिकित्सा विज्ञान इस बारे में क्या कहता है? क्या हीककत में मर्दाना ताकत को बढ़ा पाना मुमकिन है या यह केवल सिर्फ अफवाह या भ्रम है? जब कोई कहता है कि मैं अपनी सेक्स पावर बढ़ाना चाहता हूँ तो उसका क्या मतलब होता है?

तो मित्रों सामान्यतः मर्दाना ताकत से पुरूष का यह सोचना होता है कि उसकी संभोग करने की शक्ति कभी कम न हो। वह मर्द चाहे कितनी ही बार किसी भी स्त्री से संभोग करे, मगर उसकी सेक्स क्षमता पर कोई आंच न आये। साथ ही अगर उसकी उम्र अधिक भी हो गयी हो तो भी उसमे सेक्स पावर बनी रहे।

Ayurved Se Karen Namardi Ki Samasya Ko Door

आयुर्वेद में छिपा नपुंसकता का उपचार :

आपको शायद जानकर हैरानी होगी पर यह सच है, कि आयुर्वेद के आठ अंगों में से एक वाजीकरण है जोकि पूरी तरह से सेक्स पावर को बचाने और बढ़ाने के बारे में हैै। वाजि का मतलब होता है घोड़ा यानी वाजीकरण में हम उन अमूल्य दवाइयों और नुस्खों के बारे में जानते हैं, जिनसे पुरुष घोड़े के समान बलशाली हो जाता है।
यह तो मुख्य कारण था कि अति प्राचीन समय में राजा-महाराजा कई-कई रानियाँ रखते थे, सबके साथ संभोग करते थे और सबको खुश और संतुष्ट रखते थे।

यहाँ हम वाजीकरण के उसी बहुमूल्य खजाने से आपको रूबरू कराने जा रहे हैं..

शिलाजीत :
शिलाजीत से अभिपार्य है शिला यानि चट्टान को भी जीत लेने वाला। यानी शिलाजीत मर्द को इतना बलशाली बना देता है कि अगर औरत चट्टान की तरह मजबूत और देर से स्खलित होने वाली हो, तो भी पुरूष उसको संभोग के दौरान पस्त करके संतुष्ट कर देता है।

गोखरू :
गोखरू भी एक पावरफुल कामोद्दीपक है, यानी वो पदार्थ जो सेक्स की इच्छा में इजाफा करते हैं।

मूसली पाक :
सफेद मूसली और कई विभिन्न प्रकार की अन्य देसी दवाइयों के बेजोड़ मेल से बना यह चमत्कारी नुस्खा देश-विदेश में प्रसिद्ध है।

विदारीकंद :
आयुर्वेद में विभिन्न नामों से जानी जाने वाली इस जादुई और बहुत प्रभावशाली जड़ी-बूटी के यूँ तो बहुत काम हैं, पर इसका बहुत ही खास काम यह है कि यह एक नेचुरल एंटीऑक्सीडेंट है जो उम्र के बढ़ने की गति को कम करती है।

मखाना या तालमखाना : 
यह वीर्य की मात्रा बढ़ाता है और इसे गाढ़ा करता है। वीर्य की मात्रा में वृद्धि होने से आपके कई कई बार संभोग करने के बावजूद वीर्य की कमी नहीं होती है और सेक्स शक्ति कायम रहती है।
बाकी आखिर में हमारी यही सबको सलाह है सेहत से बढ़कर कुछ नहीं है, इसलिए अपनी सेहत के लिए कुछ भी करने से पहले चिकित्सक से जरूर मिलें।

सेक्स संबंधित अन्य जानकारी के लिए इस लिंक पर क्लिक करें..  http://chetanonline.com

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *